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Daily Tippani | Shrinathji Temple, Nathdwara

Tithi Tippani Date Shringar Utsav
Ekam, 2076, Margshirsh, Krushna Paksh 13-Nov-2019 वस्त्र:-घेरदार बागा,चोली,सुथन,चीरा सब पतंगी साटन के,जरी की बूटी वाले।पटका नहीं आवे।ठाड़े वस्त्र सफ़ेद लट्ठा के।पिछवाई जायफल के बेल की। आभरण:-सब पन्ना के।चार माला धरावे हलके श्रृंगार। श्रीमस्तक पे एक मोर चन्द्रिका।वेणु वेत्र हरे मीना के।पट लाल,गोटी सोना की छोटी।आरसी श्रृंगार में सोना की।चोरसा सब स्याम सुरु। आरती पीछे श्रृंगार बड़े करने त्रवल रहे।लूम तुर्रा सुनहरी। व्रतचर्या अथवा गोपमासारम्भ |
Duj, 2076, Margshirsh, Krushna Paksh 14-Nov-2019 श्रृंगार ,आभरण सब इच्छिक वस्त्र:-चागदार बागा,चोली,सुथन,पटका ,फिरोजी साटन के।ग्वाल पगा फिरोजा को जडाऊ।ठाड़े वस्त्र गुलाबी। आभरण:-छेड़ान के श्रृंगार।सब आभरण गुलाबी मीना के।श्रीकर्ण में लोलकबिन्दी।कमल माला धरावे।श्रीमस्तक पे पगा चन्द्रिका।पट फिरोजी,गोटी चाँदी की बाघ बकरी। आरती पीछे श्रीकंठ के श्रृंगार बड़े करने।छोटे श्रृंगार ।फिरोजा को पगा बड़ो करके,छज्जेदार पाग धरानी।लूम तुर्रा रूपहरी।
Tij, 2076, Margshirsh, Krushna Paksh 15-Nov-2019 *पाछली रात के श्रृंगार* इसमे सुनहरी चीरा,मोजाजी व मोर चन्द्रिका,पिछवाई इन चार को नियम हैं। वस्त्र:-घेरदार बागा,चोली,सुथन लाल साटन के।चीरा व मोजाजी सुनहरी जरी के।ठाड़े वस्त्र हरे।पिछवाई केला के खम्ब की,गाय, ग्वाल की। आभरण:-सब हरे मीना के।हल्को श्रृंगार।श्रीमस्तक पे मोर चन्द्रिका।श्रीकर्ण में कर्णफूल, एक जोड़ी।वेणु वेत्र फिरोजा के।पट लाल,गोटी चाँदी की। आरती पीछे श्रीकंठ के श्रृंगार बड़े करने।लूम तुर्रा सुनहरी।श्रृंगार के दर्शन में कुछ बेग करनी।
Choth, 2076, Margshirsh, Krushna Paksh 16-Nov-2019 वस्त्र:-चागदार बागा,चोली,सुथन सब सुनहरी जरी के।बीच को दुमाला,मोजाजी व पटका रूपहरी जरी को ,एक छोर आगे,एक छोर उर्धभुजा आडी, अंतर वास की तरह धरावे।ठाड़े वस्त्र मेघस्याम। पिछवाई लाल मखमल पे सुनहरी काम के झाड़ व मोर बने हैं। आभरण:-सब उत्सव वत।हीरा की प्रधानता।बनमाला को श्रृंगार। सिरपेच पन्ना को,रूपचौदस वारो।कली, कस्तूरी आदी सब धरावे।चोटीजी नहीं आवे।श्रीमस्तक पे काशी की बीच की चन्द्रिका व एक कतरा।वेणु वेत्र हीरा के,एक पन्ना को ।आरसी चार झाड़ की,राजभोग में सोना के डांडी की।पट काशी को,गोटी कूदती भई गायन की। आरती पीछे श्रीकंठ के श्रृंगार बड़े करके छेड़ान के श्रृंगार धरावे।लूम तुर्रा नहीं आवे ।दुमाला रहे। छः स्वरूप को उत्सव, नि. ली.गो.ति. श्री दाऊजी महाराज कृत |
Pancham, 2076, Margshirsh, Krushna Paksh 17-Nov-2019 वस्त्र,आभरण सब ऐच्छिक। वस्त्र:- घेरदार बागा,चोली,सुथन गुलाबी साटन के।पटका मलमल को गुलाबी।पाग गोल गुलाबी।ठाड़े वस्त्र पतंगी। पिछवाई शीतकाल की। आभरण:-सब फिरोजा के।हल्के श्रृंगार।श्रीकर्ण में कर्णफूल, एक जोड़ी।श्रीमस्तक पे कतरा, चन्द्रिका। वेणु वैत्र फिरोजा के।पट गुलाबी, गोटी चाँदी की। आरती पीछे श्रीकंठ के श्रृंगार बड़े करने।लूम तुर्रा रूपहरी। अन्य सब इच्छानुसार।
Chhath, 2076, Margshirsh, Krushna Paksh 18-Nov-2019 श्रृंगार ,आभरण सब इच्छानुसार। वस्त्र:-चागदार बागा,चोली,सुथन,पटका ,फिरोजी साटन के।श्रीमस्तक पे छाजजेदार पाग।ठाड़े वस्त्र पिले।पिछवाई शीतकाल की। आभरण:-छेड़ान के श्रृंगार।सब आभरण माणक के।श्रीकर्ण में कर्णफूल, दो जोड़ी।कमल माला धरावे।वेणु वेत्र लाल मीना के।श्रीमस्तक पे सीधी चन्द्रिका। आरती पीछे श्रीकंठ के श्रृंगार बड़े करने।छोटे श्रृंगार धराने।लूम तुर्रा रूपहरी।
Satam, 2076, Margshirsh, Krushna Paksh 19-Nov-2019 वस्त्र:-घेरदार बागा,चोली,सुथन पतंगी साटन के।पटका, गोल पाग,मोजाजी पिले मलमल के।पाग पे ऊपर नीचे छोर राखनो।ठाड़े वस्त्र मेघस्याम।पिछवाई गाय ग्वाल, महल वाली। आभरण:-हलके श्रृंगार।हीरा के आभरण।एक पाटन वालो हार।हीरा की बध्धी धरावे।सिरपेच की जगह हीरा को शीशफूल वापे दोइ हीरा की दोइ तुर्री धरावे।श्रीमस्तक पे चमकनी गोल चन्द्रिका व घुंडी की लूम धरावे।वेणु वेत्र द्वादसी वाले।पट उत्सव को,गोटी काँच की।अलख धरावे। आरसी लाल मख मल की,राजभोग में सोना के दांडी की। नि. ली.गो.ति. श्री १०८ श्री गोविन्दलालजी महाराज को उत्सव( १९८४) |
Atham, 2076, Margshirsh, Krushna Paksh 20-Nov-2019 वस्त्र:-चागदार बागा,चोली,सुथन,पटका सब पिले।कूल्हे व मोजाजी गोकुल नाथजी के जडाऊ।ठाड़े वस्त्र मेघ स्याम।पिछवाई पिली साटन की मैरून बेल वाली। आभरण:- सब हीरा के।बनमाला को श्रृंगार।कली, कस्तूरी सब आवे।श्रीमस्तक पे सुनहरी घेरा।चोटीजी मीना की।वेणु वेत्र हीरा के।पट पिलो,गोटी स्याम मीना की।आरसी पिले खंड की,राजभोग में सोना के डांडी की। आरती पीछे श्रीकंठ के श्रृंगार बड़े करके छेड़ान के श्रृंगार धराने।जडाऊ कूल्हे व मोजाजी बड़े करके,केसरी धराने। लूम तुर्रा नहीं आवे। श्री गुंसाईजी के दूसरे लालजी श्री गोविंदराय जी को उत्सव (१५९९) |
Navam, 2076, Margshirsh, Krushna Paksh 21-Nov-2019 वस्त्र:-घेरदार बागा,चोली,सुथन,गोल पाग ये सब स्याम साटन पे मोतीं के काम के।ठाड़े वस्त्र लाल।पिछवाई स्याम धरती पे रूपहरी बूटी की। आभरण:-सब मोतीं के।हल्को श्रृंगार।श्रीकर्ण में मोती के कर्णफूल, एक जोड़ी।श्रीमस्तक पे मोतीं को कतरा।वेणु वेत्र मोतीं के। पट स्याम गोटी चाँदी की। आरती पीछे श्रीकंठ के श्रृंगार बड़े करने।लूम तुर्रा रूपहरी।
Dasham, 2076, Margshirsh, Krushna Paksh 22-Nov-2019 वस्त्र:-घेरदार बागा,चोली,सुथन,गोल पाग,पिछवाई,ठाड़े वस्त्र सब साज (तकिया,गादी, खंड आदि) हरे दरियाई के। आभरण:-सब पन्ना के।हल्के श्रृंगार।श्रीकर्ण में पन्ना के कर्णफूल, एक जोड़ी। रेशम को हरो दोहरा क़तरा।वेणु वेत्र हरे मीना के।पट हरो,गोटी हरे मीना की। आरती पीछे श्रीकंठ के श्रृंगार बड़े करने।लूम तुर्रा रूपहरी। कुछ बेग होवे।अन्य सब नित्य क्रम। घटा को आरम्भ (हरिघटा) |
Baras, 2076, Margshirsh, Krushna Paksh 23-Nov-2019 ग्यारस के श्रृंगार। फिरोजा के टिपारा,रुमाल के श्रृंगार,अन्य सब इच्छानुसार। वस्त्र:-चागदार बाग,चोली,सुथन ,मोजाजी,अमरसी साटन के।ठाड़े वस्त्र स्याम।पिछवाई शीतकाल की।रुमाल लाल। आभरण:-सब फिरोजा के।बनमाला को श्रृंगार।कस्तूरी,कली व कमल माला धरावे।श्रीकर्ण में कुंडल।श्रीमस्तक पे फिरोजा को टिपारा व एक चन्द्रिका और दोनों कतरा धरावे।(टिपारा को साज)वेणु वैत्र फिरोजा के।पटअमरसी ,गोटी चाँदी की बाघ बकरी। आरती पीछे छेड़ान के श्रृंगार करने।रुमाल,टिपारा बड़ो करके छज्जेदार पाग धरावे।लूम तुर्रा रूपहरी। उत्पति एकादशी व्रतम् | श्री नवनीत प्रभु कूं व्रज सूं नाथद्वारा निज मंदिर में पधरायवे को उत्सव , गो.ति. १०८ श्री इन्द्रदमन जी (श्री राकेशजी) महाराजी कृत(२०६३) |
Teras, 2076, Margshirsh, Krushna Paksh 24-Nov-2019 *पहली द्वादशी (चौकी)के श्रृंगार* वस्त्र:-घेरदार बागा,चोली,सुथन ,सब बैगनी साटन के,बिना किनारी के।चीरा,मोजाजी व फतवी सुनहरी जरी के।ठाड़े वस्त्र सफ़ेद लट्ठा के।पिछवाई बैगनी ,सुनहरी किनारी की। आभरण:-सब हीरा के। हल्के श्रृंगार। हीरा की कंठी धरावे। आज कटि पेच व बाजू की जगह पोची नहीं आवे।फतवी धरावे जासु।श्रीमस्तक पे लूम की किलंगी सुनहरी। वेणु वेत्र,हीरा की मुठ के।पट बैगनी, गोटी सोना की छोटी।आरसी श्रृंगार में सोना की। मंगल भोग व गोपी वल्लभ में प्रियाजी से तावापुड़ी की सामग्री आवे।घी बुरा की कटोरी आवे। आरती पीछे श्रीकंठ के श्रृंगार बड़े करने।लूम तुर्रा सुनहरी। अनोसर में चीरा रहे।आडी व ठाड़ी लड़ धरावे।
Chaudash, 2076, Margshirsh, Krushna Paksh 25-Nov-2019 वस्त्र:-चागदार बागा,चोली,सुथन,पटका सब लाल साटन के,सुनहरी किनारी के।मोजाजी टकमा हीरा के।कूल्हे पन्ना की जडाऊ।ठाड़े वस्त्र पिले।पिछवाई लाल साटन की सुनहरी किनारी की। आभरण:- सब पन्ना के।बनमाला के श्रृंगार।कली, कस्तूरी आदी सब धरावे।चोटीजी मीना की।पट लाल,गोटी स्याम मीना की।आरसी पिले खंड की,राज भोग में सोना के डंडी की।वेणु वेत्र पन्ना के,एक सोना को। आरती पीछे श्रीकंठ के श्रृंगार बड़े करके,छेड़ान के श्रृंगार धराने।कूल्हे लाल धरावे।लूम तुर्रा नहीं आवे। श्री गुंसाईजी के सातवे लालजी श्री घनश्याम जी को उत्सव १६२८ |
Amavas, 2076, Margshirsh, Krushna Paksh 26-Nov-2019 वस्त्र:-घेरदार बागा, चोली,सुथन,गोल पाग सब श्याम दरियाई के।। ठाड़े वस्त्र श्याम।सब साज पिछवाई, खंड, गादी, तकिया सब श्याम दरियाई के। आभरण:-सब हीरा के। हलके श्रृंगार। पंच लड़ा व एक हरा धरावे।श्रीमस्तक पे रूपहरी दोहरा कतरा।वेणु वेत्र चाँदी के।पट श्याम,गोटी चाँदी की। आरती पीछे श्रीकंठ के आभरण बड़े होवे।लूम तुर्रा रूपहरी। कुछ बेग होवे। श्याम घटा |