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Daily Tippani | Shrinathji Temple, Nathdwara

Tithi Tippani Date Shringar Utsav
Ekam, 2077, Jyeshth, Shukla Paksh 23-May-2020 (उष्णकाल को तृतीय अभ्यंग) *श्रृंगार,आभरण सब इच्छानुसार* वस्त्र:-चंदनी ,आडबन्द मलमल को।श्रीमस्तक पे छज्जेदार पाग।पिछवाई वस्त्र जैसी,चंदनी। आभरण:- सब मोती के,उष्णकाल के।हल्के श्रृंगार।श्रीकर्ण में कर्णफूल, एक जोड़ी।श्रीमस्तक पे गोल चन्द्रिका।वेणु वेत्र झीने लहरिया वाले।गोटी हकीक की छोटी। अन्य सब नित्य क्रम। इष्टिः।
Duj, 2077, Jyeshth, Shukla Paksh 24-May-2020 श्रृंगार,आभरण सब इच्छानुसार वस्त्र:-धोती,पटका,शरबती मलमल के।श्रीमस्तक पे गोल पाग।पिछवाई शरबती मलमल की। आभरण:-सब मोती के,उष्णकाल के। हल्के श्रृंगार श्रीकर्ण में मोती के कर्णफूल एक जोड़ी।श्रीमस्तक पे क़तरा।वेणु वेत्र सुआ वाले।गोटी हकीक की। अन्य सब नित्य क्रम।
Tij, 2077, Jyeshth, Shukla Paksh 25-May-2020 (ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष तृतीया) श्रृंगार,आभरण सब इच्छानुसार। वस्त्र:- गुलाबी पिछोड़ा,मलमल को।श्रीमस्तक पे फेटा।पिछवाई गुलाबी, मलमल की। आभरण:-सब मोती के उष्णकाल के।छेडान के श्रृंगार।श्रीकर्ण में मोती की लोलकबिन्दी।श्रीमस्तक पे फेटा को साज।वेणु वेत्र झीने लहरिया के।गोटी बाघ बकरी की। अन्य सब नित्य क्रम। आज सूं ले के आषाढ़ कृष्ण 2 रवि तक सूर्य कूं रोहिणी नक्षत्र है तासूं इन दिनन में श्री के अंग में चन्दन धरावनो प्रशस्त है।
Choth, 2077, Jyeshth, Shukla Paksh 26-May-2020 (ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष चतुर्थी) *श्रृंगार,आभरण इच्छानुसार* वस्त्र:-आडबन्द ,छज्जेदार पाग,प्राचीन मोती के।पिछवाई नेट की स्वेत। आभरण:-सब मोती के,उष्णकाल के।हल्के श्रृंगार।श्रीकर्ण में मोती के कर्णफूल, एक जोड़ी।श्रीमस्तक पे मोती को दोहरा क़तरा।वेणु वेत्र मोती के।गोटी हकीक की। अन्य सब नित्य क्रम।
Pancham, 2077, Jyeshth, Shukla Paksh 27-May-2020 (ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष पंचमी) *श्रीजी के नियम को नाँव को मनोरथ* दो समय थाली की आरती आवे। वस्त्र:-गुलाबी परदनी मलमल की।पाग गोल गुलाबी।पिछवाई चितराम की नाव मनोरथ की। आभरण:-सब हीरा के।हल्के श्रृंगार।एक हार व पचलड़ा धरावे।श्रीमस्तक पे गोल चन्द्रिका चमकनी।श्रीकर्ण में हीरा के कर्णफूल जोड़ी एक।वेणु वेत्र चाँदी के।गोटी हकीक की। विशेष में उत्थापन व भोग के दर्शन नहीं खुले।मनोरथ भोग अरोग के नाव में बिराजे,दर्शन खुले। अन्य सब नित्य क्रम। श्री के नाव को मनोरथ।
Chhath, 2077, Jyeshth, Shukla Paksh 28-May-2020 (ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष छट) *चंदन की गोली को मनोरथ* वस्त्र:-पिछोड़ा चंदनी मलमल को।श्रीमस्तक पे गोल पाग।पिछवाई वस्त्र जैसी चंदनी मलमल की। आभरण:-सब उष्णकाल के,मोती के।हल्के श्रृंगार।श्रीकर्ण में मोती के कर्णफूल एक जोड़ी।श्रीमस्तक पे तुर्रा।वेणु वेत्र झीने लहरिया के। पट गोटी उष्णकाल की। विशेष : राजभोग में चंदन की गोली धरावे । अन्य सब नित्य क्रम।
Satam, 2077, Jyeshth, Shukla Paksh 29-May-2020 (ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष सप्तमी) **स्नान ** श्रृंगार,आभरण सब इच्छानुसार। वस्त्र:-शरबती ,आडबन्द मलमल को।श्रीमस्तक पे गोल पाग।पिछवाई स्नान की। आभरण:- सब मोती के,उष्णकाल के।हल्के श्रृंगार।श्रीकर्ण में कर्णफूल, एक जोड़ी।श्रीमस्तक पे गोल चन्द्रिका।वेणु वेत्र सुवा वाले।गोटी हकीक की छोटी। सांय आरती के पीछे बरास व गुलाब जल से स्नान होंगे व सकडी में विशेष भोग प्रकार। अन्य सब नित्य क्रम।
Atham, 2077, Jyeshth, Shukla Paksh 30-May-2020 ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष अष्टमी** (चंदन की चोली को मनोरथ) वस्त्र:-पिछोड़ा चंदनी मलमल को।श्रीमस्तक पे छज्जेदार पाग।पिछवाई वस्त्र जैसी,चंदनी मलमल की। आभरण:-सब उष्णकाल के,मोती के।हल्के श्रृंगार।श्रीकर्ण में मोती के कर्णफूल एक जोड़ी।श्रीमस्तक पे तुर्रा।वेणु वेत्र झीने लहरिया के । पट गोटी उष्णकाल की। विशेष में राजभोग में चंदन की चोली व कली के आभरण धरावे। अन्य सब नित्य क्रम।
Navam, 2077, Jyeshth, Shukla Paksh 31-May-2020 ( ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष नवमी) *श्रृंगार,आभरण इच्छानुसार* वस्त्र:-स्वेत परदनी ,मलमल की।श्रीमस्तक पे गोल पाग।पिछवाई वस्त्र जैसी स्वेत। आभरण:-सब मोती के,उष्णकाल के।हल्के श्रृंगार।श्रीकर्ण में मोती के कर्णफूल, एक जोड़ी।मोती को चोलड़ा धरावे।श्रीमस्तक पे क़तरा।वेणु वेत्र चांदी के।गोटी हकीक की छोटी। आरती पीछे बरास व गुलाब जल से स्नान होवे व सकडी में विशेष भोग अरोगे। अन्य सब नित्य क्रम।
Dasham, 2077, Jyeshth, Shukla Paksh 01-Jun-2020 *ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष दशमी* (गंगा दशमी) सभी द्वार में हल्दी से डेली मंढे, बंदरवाल बंधे।मनीकोठा ,डोल तिबारी में जल भरे।राजभोग व संध्या आरती मणी कोठा से होवे।सभी समय जमनाजल की झारीजी आवे।दो समय थाली की आरती। वस्त्र:-केसरी पिछौड़ा मलमल को।श्रीमस्तक पे केसरी छज्जेदार पाग स्याम झाई की।पिछवाई केसरी किनारी के फूल वाली। आभरण:-सब उत्सव,हीरा व उष्णकाल के मिलमा।हल्के श्रृंगार।त्रवळ की जगह कंठी आवे।श्रीकर्ण में हीरा के कर्णफूल झुमका के,एक जोड़ी एक।श्रीमस्तक पे लूम की किलंगी रूपहरी।वेणु वेत्र मोती के।गोटी मोती की। उत्सव भोग में सुवाली,मठडी, खाजा,बड़े टूक, पाटिया,दहीभात, सतुआ,चालनी,हांडी गोपीवल्लभ में जलेबी व मनोर आवे। जून, श्री गंगादशमी दशहरा, श्री यमुनाजी को उत्सव माने है।
Dasham, 2077, Jyeshth, Shukla Paksh 01-Jun-2020 अभ्यंग नहीं| अरगजी वस्त्र| जून, श्री गंगादशमी दशहरा, श्री यमुनाजी को उत्सव माने है।
Gyaras, 2077, Jyeshth, Shukla Paksh 02-Jun-2020 **ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष ग्यारस** (श्रृंगार,आभरण सब इच्छानुसार) वस्त्र:-धोती,पटका स्वेत मलमल को। पटका गाती को धरावे। श्रीमस्तक पे मोती को किरीट।पिछवाई नेट की। आभरण:-सब मोती के,उष्णकाल के।बनमाला को श्रृंगार।कली आदी सब माला आवे।श्रीकर्ण में मोती के कुण्डल।चोटीजी मोती की।वेणु वेत्र चांदी के ।पट, गोटी उष्णकाल की। सायं उत्थापन के पीछे कली के श्रृंगार होंगे व विशेष भोग आएंगे। अन्य सब नित्य क्रम। निर्जला एकादशी व्रतम्‌।
Gyaras, 2077, Jyeshth, Shukla Paksh 02-Jun-2020 हीरा को जोड़ी । कर्णफूल हीरा के । श्रृंगार हलको । लूम की कलगी । पाग घरके पोढ़े । निर्जला एकादशी व्रतम्‌।
Baras, 2077, Jyeshth, Shukla Paksh 03-Jun-2020 **ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष बारस** (चंदन की चोली ) वस्त्र:-पिछोड़ा चंदनी मलमल को।श्रीमस्तक पे छज्जेदार पाग।पिछवाई वस्त्र जैसी,चंदनी मलमल की। आभरण:-सब उष्णकाल के,मोती के।हल्के श्रृंगार।श्रीकर्ण में मोती के कर्णफूल एक जोड़ी।श्रीमस्तक पे तुर्रा।वेणु वेत्र झीने लहरिया के। पट गोटी उष्णकाल की। विशेष में राजभोग में चंदन की चोली व कली के आभरण धरावे। अन्य सब नित्य क्रम।
Teras, 2077, Jyeshth, Shukla Paksh 04-Jun-2020 *जयेष्ठ शुक्ल पक्ष तेरस ★गो. तिलकायित श्री (वीर)गिरधारीजी महाराज को उत्सव★ सभी द्वार में हल्दी की डेली मंढे,बंदरवाल बंधे।सभी समय जमना जल की झारीजी आवे।दो समय थाली की आरती उत्तरे। वस्त्र:-धोती पटका, केसरी मलमल के।श्रीमस्तक पे केसरी दुमाला।पिछवाई केसरी,किनारी के फूल वाली। आभरण:-सब उत्सव व उष्णकाल के मिलमा।श्रृंगार मध्य से दो आगुल नीचो।श्रीकर्ण में हीरा के कुंडल।श्रीमस्तक पे मोती को सेहरा, वापे हीरा के पांच फूल धरावे।कली आदी सब माला आवे।चोटीजी मोती के।वेणु वेत्र मोती के।गोटी राग रंग की। सकड़ी में खंडरा प्रकार ,गोपीवल्लभ में जलेबी,फीका में चालनी अरोगे। अन्य सब नित्य क्रम। तिलकायित श्री गिरधारीजी महाराज को उत्सव। (1900)
Punam, 2077, Jyeshth, Shukla Paksh 05-Jun-2020 *ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष की पूनम* ◆स्नान को जल भरनो◆ वस्त्र:-गुलाबी आड़बंद ,मलमल को।श्रीमस्तक पे छज्जेदार पाग।पिछवाई वृज भक्तन की,जलभरवे के भाव की। आभरण:-सब उष्णकाल के,मोती के।हल्के श्रृंगार।श्रीकर्ण में मोती के कर्णफूल एक जोड़ी।श्रीमस्तक पे स्वेत खंडेला।वेणु वेत्र गंगा जमनी।गोटी उष्णकाल की। गोपी वल्लभ के भोग धरके स्नान को जल भरवे जावे व शयन भोग धरके जल को अधिवासन होव। स्नान को जल भरनो सांझ कूं जल को अधिवासन करनो।